> काव्य-धारा (Poetry Stream): जीवन, प्यार और आत्मा-झलक : लसै ते फलै

बुधवार, 21 जनवरी 2026

लसै ते फलै

लसै ते फलै

लसै ते फलै — कविता

कश्मीरी–हिंदी भावों का संगम
लसै ते फलै, विलसै उजास, जीवन बने सदा, सुख का प्रकाश। हर कदम पे खिले, उम्मीद के फूल, हर फल में मिले, दुआओं का मूल।

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